सुबह 8.20 मिनट पर तीर्थनगरी के मन्दिरों के हुए कपाट बंद
डॉ. मनु शिवपुरी/ लीना बनौधा
हरिद्वार। कार्तिक पूर्णिमा स्नान पर्व पर लाखों श्रद्धालुओं ने हरकी पौड़ी समेत शहर के विभिन्न गंगा घाटों पर स्नान करते हुए पुण्य अर्जित किया। लेकन चन्द्र ग्रहण को देखते हुए हरिद्वार में सुबह 8.20 मिनट पर सूतक लगने के कारण समस्त मन्दिरों के कपाट बंद रहे, जिसकारण श्रद्धालु स्नान के बाद मन्दिरों में पूजा अर्चना नहीं कर सके। प्रशासन की ओर से स्नान पर्व को सकुशल सम्पन्न कराने के लिए व्यापक बदोबस्त किये गये थे।

तीर्थनगरी में जाम की स्थिति से निपटने के लिए यातायात के पुख्ता इंतजाम करते हुए यातायात रूट भी निर्धरित किये गये थे। ताकि स्नान के लिए पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना ना करना पड़े। डीएम और एसएसपी ने हरकी पौड़ी समेत मेला क्षेत्र का भ्रमण करते हुए अधिनस्थों को भीड़ की स्थिति को देखते हुए दिशा निर्देश दियेे।

तीर्थनगरी में कार्तिका पूर्णिमा स्नान पर्व पर तड़के से ही विभिन्न प्रांतों से आये लाखों श्रद्धालुओं समेत स्थानीय नागरिकों का स्नान करने के लिए हरकी पौड़ी समेत शहर के अलग-अलग गंगा घाटो पर जमावड़ा लग गया। जिनकी सुरक्षा व व्यवस्था को दुरूस्थ करने के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से स्नान पर्व की पूर्व संध्या से व्यापक बदोबस्त करते हुए अपनी व्यवस्थाओं को अमली जामा पहना दिया गया था। पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा व यातायात व्यवस्था के बड़े इंतजाम किये गये थे। हरकी पौड़ी समेत अन्य गंगा घाटों पर पुलिस बल तैनात के साथ-साथ जल पुलिस को भी तैनात किया गया था।

हरकी पौड़ी समेत विभिन्न गंगा घाटों पर श्रद्धालु सुबह 8.20 मिनट पर स्नान करने के बाद मन्दिरों में पूजा अर्चना नहीं कर सके। चन्द्र ग्रहण को देखते हुए तीर्थनगरी में सुबह 8.20 मिनट पर सूतक लगने के कारण हरकी पौड़ी समेत हरिद्वार के तमाम मन्दिरों के कपाट बंद कर दिये गये थे। पुलिस प्रशासन की ओर से स्नान पर्व को सकुशल सम्पन्न कराने के लिए मेला क्षेत्रा को 9 जोन व 33 सैक्टरों में विभाजित किया गया था। तीर्थनगरी को जाम से निजात दिलाने के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से यातायात प्लान भी लागू किया गया था।

एसएसपी अजय सिंह द्वारा यातायात प्लान को लागू रखने के लिए अधिनस्थों को दिशा निर्देश दिये गये थे, ताकि श्रद्धालुओ को परेशानी का सामना ना करना पड़े। डीएम विनय शंकर पाण्डेय और एसएसपी अजय सिंह ने स्नान पर्व पर हरकी पौड़ी समेत मेला क्षेत्र का भ्रमण करते हुए अधिनस्थों को दिशा निर्देश दिये। डीएम व एसएसपी ने हरकी पौड़ी पर मौजूद रहकर स्नान पर्व की व्यवस्थाओं पर नजर गढाये रखी। और अधिनस्थों को स्थिति को देखते हुए दिशा-निर्देश जारी करते रहे।

स्नान पर्व को सकुशल सम्पन्न कराने के लिए पुलिस प्रशासन की ओर से मेला क्षेत्र में 09 पुलिस उपाधीक्षक, 28 निरीक्षक, थाना प्रभारी 69 उप निरीक्षक, 20 महिला उप निरीक्षक, 103 मुख्य आरक्षी, 325 आरक्षी, यातायात व्यवस्था के लिए 03 उप निरीक्षक, 10 हेड कांस्टेबल, 30 कांस्टेबल, 04 पीएसी कंपनी व 02 प्लाटून, 02 बम निरोधक दस्ते की टीम, डॉग स्क्वायर टीम, घुड़सवार पुलिस टीम को तैनात किया गया था।
