मुकेश वर्मा
हरिद्वार। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (ऋषिकेश ) राज्य में विश्व स्तरीय चिकित्सा सुविधा को और अधिक सुदृढ़ बनाने की दिशा में तेजी से कार्य कर रहा है। एम्स प्रशासन जल्द ही 200 एकड़ भूमि पर दिल्ली के समकक्ष एडवांस तकनीक सैंटर बनाने पर विचार कर रहा हैं ।एम्स में आयुष्मान भारत योजना को भी शामिल किया गया है जिसका लाभ मरीज ले रहे है ।
प्रेस क्लब एवं आई एम ए हरिद्वार के सँयुक्त तत्वाधान में “उत्तराखंड में स्वास्थ्य क्षेत्र की चुनौतियां “विषय पर आयोजित संवाद कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे एम्स में कैंसर के विभागाध्यक्ष एवं अस्पताल अधीक्षक प्रो0 मनोज गुप्ता ने कहा एम्स आधुनिक तरीके से स्वास्थ्य सेवा देने की दिशा लगातार कार्य कर रहा है।सड़क दुर्घटना पहाड़ो में एक चुनोती है। एम्स प्रशासन सड़क दुर्घटना में घायल मरीजो को एयर लिफ्ट कर मरीजो को शिफ्ट करने के लिए दो हैलीपैड तैयार कर रहा है ।साथ ही 120 बैड का आधुनिक ट्रामा सेंटर आगामी छः माह में तैयार कर लेगा जिसमे गम्भीर रूप से घायल मरीजो को 24 घण्टे उपचार की व्यवस्था होगी उन्होंने कहा ऋषिकेश एम्स में चिकित्सा के क्षेत्र में बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे । प्रख्यात कैंसर विशेषज्ञ प्रो0 मनोज गुप्ता ने कहा है कि एम्सअस्पताल में प्राइवेट के मुकाबले बेहद कम कीमत पर जांच और उपचार मिलेगा उन्होंने कहा एम्स में हर रोज करीब ढाई हजार रोगी उपचार ले रहे हैं ।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि नगर की प्रख्यात स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ सन्ध्या ने कहा कि एम्स जैसी विशेषज्ञ चिकित्सा जैसी संस्था को उत्तराखंड के निजी क्षेत्र में प्रैक्टिस करने वाले डॉक्टरों को रिफेशर कोर्स के माध्यम से नवीनतम शोधों से अवगत कराना चाहिए ।उन्होंने कहा की हरिद्वार सहित राज्य के अन्य जनपदों में एम्स की ओर से विशेष चिकित्सा शिविर लगाए जाएं जिसमे आम गरीब लोग अपने रोगों का निदान करा सके ।
कार्यक्रम में एम्स के प्रो मनोज गुप्ता एवं डॉ सन्ध्या शर्मा को प्रेस क्लब अध्यक्ष डॉ एस एस जायसवाल महामन्त्री ललितेन्द्र नाथ द्वारा स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया । इससे पूर्व आगत अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती के चित्र पर माल्यर्पण कर द्वीप प्रज्वलित किया ।
इस अवसर पर आई एम ए के अध्यक्ष डॉ जसप्रीत सिंह ,सचिव डॉ विकास दीक्षित ,डॉ ए के जैन ,डॉ दिनेश सिंह ,डॉ अंजुल श्रीमाली ,डॉ रविकांत ,डॉ एम एस सिंघल ,पद्मश्री खालिद जहीर , के अलावा अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे ।कार्यक्रम का संचालन डॉ रजनीकांत शुक्ला ने किया ।
