महिला चिकित्सालय गुरूवार को रहेगा बंद, स्टाॅफ कोे टेस्ट के निर्देश
मुकेश वर्मा
हरिद्वार। राजकीय महिला चिकित्सालय में बुधवार को एक महिला स्टाॅफ नर्स कोरोना पोजिटिव मिलने से हड़कम्प मच गया। सीएमएस ने चिकित्सालय को गुरूवार को बंद करने के आदेश देते हुए चिकित्सकों समेत स्टाॅफ के आरटीपीसीआर टेस्ट के निर्देश दिये है। बताया जा रहा हैं कि स्टाॅफ के आरटीपीसीआर की रिपोर्ट शाम तक मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। जिसके बाद चिकित्सालय के खुलने पर निर्णय लिया जाएगा।
बताते चले कि कोरोना की तीसरी लहर के मद्देनजर राज्य सरकार व स्वास्थ्य विभाग बेहद गम्भीर है। कोरोना की तीसरी लहर में ओमिक्राॅन संक्रमण को लेकर देश में सर्तकता बरती जा रही है। जिसको लेकर उत्तराखण्ड सरकार और स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। उत्तराखण्ड में अभी तक चार ओमिक्राॅन संक्रमित मिल चुके है। जिनमें हरिद्वार से एक ओमिक्राॅन संक्रमित यमन नागरिक को भगवानपुर से स्वास्थ्य विभाग टीम ने अपने संरक्षण में लेकर उसको उपचार के लिए मेला अस्पताल के कोविड सेंटर में भर्ती कराया गया है। जिसके चलते राज्य सरकार ने रात्रि काफ्रर्यू में घोषित किया गया है।
इसी बीच राजकीय महिला चिकित्सालय में आज एक महिला स्टाॅफ नर्स ने लक्षणों के आधार पर कराये गये आरटीपीसीआर टेस्ट की रिपोर्ट में वह कोरोना पोजिटिव पायी गयी है। जिसके बाद राजकीय महिला अस्पताल हरिद्वार में हड़कम्प की स्थिति है। कोरोना संक्रमित महिला स्टार्फ नर्स को होम आईसोलेट किया गया है। सीएमएस डाॅ. राजेश गुप्ता ने महिला स्टाॅफ नर्स के कोरोना पोजिटिव पाये जाने के बाद चिकित्सालय को गुरूवार को बंद रखने के आदेश जारी किये है। जिसके चलते महिला चिकित्सालय में सभी के आगमन पर प्रतिबंध् रहेगा। वहीं चिकित्सालय के चिकित्सकों समेत स्टाॅफ को आरटीपीसीआर टेस्ट के निर्देश दिये है।
सीएमएस डाॅ. राजेश गुप्ता ने बताया कि राजकीय महिला स्टाॅफ नर्स कोरोना पोजिटिव मिली है। जिसके बाद गुरूवार को चिकित्सालय बंद रखते हुए सभी चिकित्सकों व स्टाॅफ को आरटीपीसीआर टेस्ट कराने के निर्देश दिये है। जिनकी रिपोर्ट शाम तक मिलने की उम्मीद है। जिसके बाद चिकित्सालय के खुलने के सम्बंध् में निर्णय लिया जाएगा।
