मुकेश वर्मा
हरिद्वार। दिल्ली में छात्रों पर हुए लाठीचार्ज और राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने से आक्रोशित कांग्रेसियों ने चंद्राचार्य चैक पर एकत्रित हुए। जहां से कांग्रेसी नारेबाजी करते हुए कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक के कार्यालय की ओर बढ़े। पुलिस ने कांग्रेसियों को रोकने का प्रयास किया, इस दौरान कांग्रेसी नेताओं और पुलिस के बीच तीखी नोकझोक और धक्काःः मुक्की हुई। कांग्रेसियों ने कैबिनेट मंत्री के कार्यालय के बाहर पहुंचकर जमकर प्रदर्शन किया। इस दौरान कांग्रेसी नेताओं ने राहुल गांधी को हिरासत में लिए जाने को लेकर लोकतंत्र पर हमला बताते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पुलिस ने प्रदर्शनकारी कांग्रेसियों को समझाकर शांत कराया।
इस दौरान कांग्रेसी नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र में छात्रों और युवाओं की आवाज को लाठियों के दम पर दबाने की कोशिश बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। अपने अधिकारों, भविष्य और न्याय की मांग कर रहे छात्रों पर बल प्रयोग यह साबित करता है कि भाजपा सरकार युवाओं के सवालों का जवाब देने के बजाय उनका दमन करना चाहती है। सरकार याद रखे कि छात्रों के शरीर पर पड़ी हर लाठी सत्ता के अहंकार और तानाशाही की गवाही दे रही है। देश का युवा रोजगार, शिक्षा और अपने अधिकारों की बात करता है, लेकिन भाजपा सरकार उसे संवाद के स्थान पर लाठी और पुलिसिया कार्रवाई दे रही है।
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार और उसके मंत्री इस गंभीर घटना पर मौन साधकर अपनी जिम्मेदारी से नहीं बच सकते। जब छात्रों पर अत्याचार हो रहा हो, तब सत्ता में बैठे जनप्रतिनिधियों की चुप्पी भी इस अन्याय में भागीदारी के समान है। कांगेस की स्पष्ट मांग हैं कि छात्रों पर हुई बर्बरतापूर्ण कार्रवाई की निष्पक्ष जांच हो, दोषी अधिकारियों पर कठोर कार्रवाई की जाए और गिरफ्तार किए गए छात्रों को तत्काल रिहा किया जाए। युवाओं की आवाज को दबाने की हर कोशिश का सड़कों से लेकर सदन तक पूरी मजबूती के साथ विरोध किया जाएगा। भाजपा सरकार को छात्रों पर हुए अत्याचार और अन्याय का जवाब देना ही होगा।
