बाइक चोरों के अहम सुराग पर पुलिस को मिली सफलता
बुआ को देने के लिए भतीजे ने दोस्त के साथ किया था अपहरण
मुकेश वर्मा
हरिद्वार। कोतवाली नगर पुलिस ने 6 साल के बच्चे के अपहरण मामले में महिला समेत तीन लोगों को गिरफ्रतार किया है। बाइक चोरों से मिले अहम सुराग के आधार पर पुलिस को अपहरणकर्त्ताओं को दबोचने में सफलता मिली है। अपहरणकर्त्ताओं में महिला और एक आरोपी रिश्ते में बुआ-भतीजे है। बुआ के बच्चा ना होने पर उसकी गोद भरने के लिए बच्चे का अपहरण की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सम्बंधित धाराओं में मामला दर्ज करते हुए मेडिकल के बाद न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया। इस बात का खुलासा एसपी सिटी स्वतंत्र कुमार ने रविवार को कोतवाली नगर परिसर में पत्रकार वार्ता के दौरान किया।
उन्होंने बताया कि 09 दिसम्बर को रोड़ीबेलवाला क्षेत्र से घर के बाहर खेलते 6 साल के बच्चे मयंक का बाइक सवार दो युवकों ने अपहरण कर फरार हो गये थे। पुलिस ने पीडित परिवार की तहरीर पर अज्ञात अपहरणकर्त्ताओं के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर तलाश शुरू कर दी थी। पुलिस घटना स्थल से लेकर यूपी के जनपद सहारनपुर के देवबंद तक सीसीटीवी कैमरों के जरिये अपहरणकर्त्ताओ का पीछा करते हुए 16 दिसम्बर को मौहल्ला हंसवाडा देवबन्द सहारनपुर यूपी में एक मन्दिर के पास से सकुशल बरामद कर लिया था। लेकिन अपहरणकर्त्ता फरार होेने में कामयाब रहे।
उन्होंने बताया कि पुलिस अपहरण में इस्तेमाल की गयी बाइक की शिनाख्त के बाद उसकी तलाश में जुटी रही। इसी दौरान पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर अपहरण में इस्तेमाल बाइक के साथ दो युवको को जनपद हरिद्वार से ही दबोच लिया। जिन्होंने पूछताछ के दौरान अपना नाम बिट्टू उर्फ छंगा पुत्र नेकीराम निवासी ग्राम काकनपुरा देवबंद, सहारनपुर यूपी और सतीश पुत्र हुकुम सिंह निवासी नूर नगरयान गली पुरकाजी मुजफ्रफरनगर बताते हुए खुलासा किया कि उनको बच्चे के अपहरण के मामले में कोई जानकारी नहीं है। लेकिन उन्होंने बाइक को पंजाब से चोरी की थी और अपने परिचित को 20 हजार रूपये में बेच दी थी। जिन्होंने कुछ दिन बाद बाइक को कागजात ना होने की बात कहते हुए वापस कर दी थी।
एसपी सिटी ने बताया कि बाइक चोरों से पूछताछ के दौरान अपहरणकर्त्ताओं के सम्बंध में अहम सुराग हाथ लगे थे। जिसमें एक शैंकी नाम के युवक के पास कुछ दिनों तक बाइक उसके पास रही थी। पुलिस ने शैंकी नाम के युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की गयी। पूछताछ के दौरान शैंकी ने दो युवकों मनीष कुमार पुत्र सूरजभान निवासी गाँधी कालोनी लालवाला रोड थाना देवबन्द जिला सहारनपुर और विशाल पुत्र अशोक कुमार निवासी ग्राम रणखण्डी खालापट्टी थाना देवबन्द जिला सहारनपुर के नामों का खुलासा करते हुए जानकारी दी कि दोनों उससे बाइक मांगकर हरिद्वार ले गये थे।
उन्होंने बताया कि पुलिस टीम ने शैंकी की निशानदेही से 24 दिसम्बर को दोनों युवकों को देवबंद से दबोच लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने खुलासा किया कि मनीष के रिश्ते की बुआ साक्षी निवासी फौलादपुरा थाना देवबन्द जिला सहारनपुर के कोई बच्चा नहीं था। जिसपर मनीष ने अपनी बुआ को बच्चा देने की बात कही थी। इसलिए मनीष ने अपने दोस्त विशाल के साथ मिल कर रोड़ीबेलवाला क्षेत्र से बच्चा अपहरण किया था। मनीष ने बच्चे को अपनी बुआ को सौप दिया था।
लेकिन बच्चे के अपहरण में पुलिस के दबाब से घबरा कर उन्होंने बच्चे को मौहल्ला हंसवाड़ा देवबंद में एक मन्दिर के पास छोड़ दिया था। जहां से पुलिस टीम ने बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सम्बंधित धाराओं में मामला दर्ज करते हुए मेडिकल के बाद न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया।
प्रेसवार्ता के दौरान सीओ सिटी मनोज कुमार, कोतवाली नगर प्रभारी निरीक्षक भावना कैंथोला, एसएसआई अनिल चौहान मौजूद रहे।
