रोडवेज कर्मचारी यूनियन ने ठेका प्रथा के खिलाफ फूंका बिगुल
31 अगस्त को काली पट्टी बांधकर करेगें विरोध, 01-02 को होगा कार्य बहिष्कार
यूनियन ने जरूरत पड़ने पर दी चक्का जाम करने की चेतावनी
मुकेश वर्मा
हरिद्वार। उत्तराखण्ड परिवहन निगम में ठेका प्रथा लागू करने की कवायद का विरोध शुरू हो गया है। जिसको लेकर उत्तरांचल रोड़वेज कर्मचारी यूनियन ने ठेका प्रथा के खिलाफ बिगुल फूंक दिया है। ठेका प्रथा के विरोध में शनिवार को हरिद्वार बस अड्डे पर उत्तरांचल रोड़वेज कर्मचारी यूनियन की एक बैठक आहूत की गयी। जिसमें भारी संख्या में कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।

इस मौके पर यूनियन के प्रांतीय अध्यक्ष योगेश शर्मा ने कहा कि परिवहन निगम मेें ठेका प्रथा लागू कर कर्मचारियों का उत्पीड़न शुरू करने की कौशिश की जा रही है। लेकिन यूनियन किसी भी कीमत पर एजेंसियों के मनसूबों जोकि ठेका प्रथा को लागू कराने का प्रयास कर रही है, कभी कामयाब नहीं होने दिया जाएगा। इसके लिए कर्मचारियो को कोई भी कदम क्यों न उठाने पड़े उससे पीछे नहीं हटा जाएगा।
उन्होंने कहा कि ठेका प्रथा के विरोध में कर्मचारी यूनियन 31 अगस्त को प्रदेश भर के कर्मचारी काली पट्टी बांध कर अपना विरोध दर्ज करेगेे। 01 और 02 सितम्बर को कार्य बाहिष्कार किया जाएगा। यदि उसके बाद भी सरकार नहीं चेती तो धरने का नोटिस देकर अपना अगली रणनीति तय की जाएगी। उन्होंने कहा कि अगर कर्मचारियो को ठेका प्रथा के विरोध मे चक्का जाम भी करना पड़े, तो वह उससे भी पीछे नहीं हटेगेें।
इस मौके पर मण्डलीय अध्यक्ष प्रवीण सैनी ने कहा कि कुछ लोग परिवहन निगम को अपनी पपौदी समझने का प्रयास कर रहे है। वह उत्तराखण्ड परिवहन निगम को अपनी उंगलियों पर चलाना चाहते हैं तो यह उनकी भूल है। जब तक परिहवन निगम का कर्मचारी शांत हैं तो वह कर्मचारियो की कमजोरी को समझने की भूल न करेें। यदि ठेका प्रथा को लागू होता हैं, तो इसके परिणाम ना तो प्रदेश के हित होगे और ना ही कर्मचारियों हित में ही होगेें। इसलिए सरकार से अनुरोध हैं कि ठेका प्रथा को लागू ना किया जाए।
इस मौके पर शाखा अध्यक्ष रामपाल शर्मा ने कहा कि किसी भी कीमत पर कर्मचारियों को शोषण किसी भी कीमत पर नहीं होने दिया जाएगा, चाहे उसके लिए उनको किसी भी हद तक जाना पड़े, उससे पीछे नहीं हटेगें। इस मौके पर मण्डलीय मंत्री केपी सिंह, गौरव शर्मा, अंकित राठी, श्रीमोहन, अपिल शर्मा आदि कर्मचारी मौजूद रहे।
