आरोपियों से 15 इंजेक्शन, 180 कैप्सूल, 70 टेबलट बरामद
दो युवकों का सोशल मीडिया में इंजेक्शन लगाते हुए हुआ था वीडियो वायरल
दबोचे गये आरोपियों में वायरल वीडियों में नजर आने वाले युवक भी शामिल
ड्रग इंस्पेक्टर को मौके पर बुलाया, सौदागर को ज्वालापुर मेें हैं मेडिकल स्टोर
मुकेश वर्मा
हरिद्वार। दो नशेडियों का एक—दूसरे को इंजेक्शन लगाते हुए सोशल मीडिया में वायरल हुए वीडियों का पीछा करते हुए कनखल पुलिस ने शुक्रवार की देर शाम सौदागर समेत तीन युवकों को दबोचा है। जिनमें वायरल वीडियों में इंजेक्शन लगाते हुए नजर आने वाले कनखल के दो युवक भी शामिल है। पुलिस ने आरोपियों से 15 इंजेक्शन, 180 कैप्सूल, 70 टेबलट, दो सिरिंज व निडिल भी बरामद की है। पुलिस के मुताबिक सौदागर का ज्वालापुर में मेडिकल स्टोर है। पुलिस ने मौेके पर ड्रग इस्पेक्टर को बुलाया गया। जिन्होंने नशे के दवाओं की पुष्टि की है। पुलिस ने आरोपियों खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनको न्यायालय में पेश करने की तैयारी की जा रही है।
कनखल थाना प्रभारी निरीक्षक मुकेश सिंह चौहान ने बताया कि 2—3 दिन पूर्व सोशल मीडिया में एक वीडियों वायरल हुआ था। जिसमें बैरांगी कैम्प क्षेत्र में दो युवक एक—दूसरे को नशे का इंजेक्शन लगाते हुए देखे जा रहे थे। पुलिस ने वायरल वीडियों के आधार पर इस रैकेट का पर्दाफाश करने के लिए वायरल वीडियो में नजर आने वाले युवको का पीछा करते हुए तलाश शुरू कर दी। इसी दौरान शुक्रवार की देर शाम को मुखबिर से सूचना मिली कि वायरल वीडियो में नजर आने वाले दोनों युवकों को खोखरा तिराहा के पास देखा गया है। इस जानकारी पर पुलिस ने बिना वक्त गंवाये बताये गये स्थल पर पहुंचकर तीन संदिग्धों को दबोच लिया। जिनके पास से पुलिस ने 15 इंजेक्शन, 180 कैप्सूल, 70 टेबलट, दो सिरिंज व निडिल भी बरामद की।
पुलिस तीनों आरोपियों को कनखल थाने लेकर पहुंची। जहां पर पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अपना नाम आदिल पुत्र शमशाद निवासी पावंधोई ज्वालापुर, सचिन प्रजापति निवासी शेखुपुरा कनखल और मयंक बिरला निवासी कुमारगढा कनखल बताते हुए खुलासा किया कि आदिल का ज्वालापुर सराय में मेडिकल स्टोर है, वहीं से नशीले इंजेक्शन, गोलियां व कैप्सूल बेचने का काम किया जाता है। सचिन व मयंक का सोशल मीडिया में एक दूसरे को नशीला इंजेक्शन लगाते हुए वीडियो वायरल हुआ था। जिसको मार्च माह में बनाया गया था।मामले की जानकारी ड्रग इंस्पेक्टर को दी गई।
ड्रग इंस्पेक्टर अनीता भारती ने मौके पर पहुंचकर आरोपियों से मिले इंजेक्शन, कैप्सूल व गोलियों की जांच करने के बाद नशे में इस्तेमाल होने की पुष्टि की। आरोपित के कब्जे से जो नशीले इंजेक्शन में दवाइयां मिली वह सरकारी अस्पताल के अलावा प्राइवेट मेडिकल स्टोर पर उपलब्ध् नहीं करवाई जाती। पुलिस ने तीनों के खिलाफ सम्बंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस आरोपियों को शनिवार को मेडिकल के बाद न्यायालय में पेश करने की तैयारी कर रही है।
