



हॉस्टल में की सीनियरों ने छात्र की पीट-पीट कर हत्या
प्रबंधन ने छात्र की मौत फूड पाॅइजनिंग बता शव प्रागंण में दफनाया
पीडित परिवार ने की शव न मिलने पर बाल अयोग से की शिकायत
जांच के बाद हुआ हत्या का खुलासा, हत्या मामले में पांच गिरफ्रतार
मुकेश वर्मा
हरिद्वार/ऋषिकेश। ऋषिकेश के रानीपोखरी स्थित एक मिशनरी द्वारा संचालित चिल्ड्रेन्स होम स्कूल में दिल दहला देने वाला एक ऐसा मामला प्रकाश में आया है। जहां पर एक छात्र की हत्या उसके ही सिनियर छात्रों ने महल एक बिस्किट के पैकेट के लिए क्रिकेट के बैट से पीट पीट कर हत्या कर दी। इतना ही नहीं छात्र के शव को होस्टल के प्रागंण में ही दफना दिया गया। और छात्र की मौत का कारण फूड पाॅइजनिंग बता कर मामले को रफा-दफा कर दिया गया। इतना ही नहीं हाॅस्पिटल के चिकित्सकों ने भी छात्र की मौत फूड पाॅइजनिंग बतायी गयी। घटना 10 मार्च की बतायी जा रही है। लेकिन पीडित परिजनों ने बाल आयोग से मामले की शिकायत कर अपनी आशंका व्यक्त की गयी। जिसके द्वारा जांच के दौरान मामला हत्या का प्रकाश में आया। इस घटना ने पूरे उत्तराखण्ड में हड़कम्प मचा दिया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार ऋषिकेश के रानीपोखरी स्थित चिल्ड्रेन्स होम स्कूल के 12 साल के एक छात्र वासु यादव की पांच रूपये के एक बिस्किट के पैकेट को लेकर उसके सीनियर छात्रों ने बडी बेहरहमी से क्रिकेट के बैट से पीट-पीट कर हत्या कर दी। इतना ही नहीं मृतक छात्र के शव को गुपचुप तरिके से हाॅस्टल के प्रागंण में ही दफना दिया गया। और छात्र की मौत का कारण चिल्ड्रेन हाम स्कूल प्रबंधन द्वारा फूड पाॅइजनिंग बता कर मामले को रफा-दफा कर दिया और परिजनों को छात्रा का शव भी नहीं दिया गया। इतना ही नहीं हाॅस्पिटल के चिकित्सकों ने भी छात्र की मौत फूड पाॅइजनिंग बतायी गयी। लेकिन मृतक छात्र के परिजनों को मामले में आशंका हुई और पूरे मामले की शिकायत बाल आयोग से की गयी। जिसके जांच के दौरान पुलिस ने शव को कब्र से निकाला गया तो मृतक के शरीर पर चोट के निशान पाये गये। मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। बताया जा रहा हैं कि मृतक के शरीर में आतंरिक चोट पायी गयी। जब घटना की गहनता से जांच की गयी तो पता चला कि मृतक के सीनियर छात्रों ने आउटिंग के दौरान वासु यादव द्वारा बिस्किट का पैकेट चोरी करने से नाराज थे और उसी की वजह से स्कूल के हाॅस्टल के वार्डन ने छात्रों के बाहर जाने पर पांबंदी लगा दी थी। इसी बात से गुस्साएं सीनियर छात्रों ने वासु यादव की क्रिकेट बैट से पीट-पीट कर हत्या कर दी। घटना 10 मार्च की बतायी जा रही है। मृतक छात्र के पिता झप्पू यादव के अनुसार उनका बेटा कक्षा 7 का छात्र था और वह मेरठ के एक कुष्ठ आश्रम में रहते है। छात्र के सीनियर साथियों ने उसकी बैट से जमकर पिटाई की और जब पिटाई से मन नही भरा तो उसे सीनियर छत पर ले गये, जहां पहले उसे पीटा गया और फिर छत पर जमा सड़ा हुआ पानी जबरन पिलाया गया। जिसकारण उसकी हालत खराब होने पर उसे हाॅस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां डाॅक्टरों ने भी फूड पाॅइजनिंग का केस बता दिया। जब उनको मामले की सूचना दी गई तो वो आधी रात को मेरठ से ऋषिकेश होस्पिटल पंहुचे। जहां पर उनको बताया गया कि उनके बेटे की मौत फूड पाॅइजनिंग हो गया था। जिसके चलते उसकी मौत हो गयी। उन्होंने बताया कि उसके बेटे की मौत फूड पाॅइजनिंग से नहीं बल्कि पीट कर हत्या की बात कही गयी थी। लेकिन उनकी एक नहीं सुनी गयी। उन्होंने बताया कि मामले की शिकायत बाल आयोेग से की गयी। तब जाकर मामले की जांच हुई और उनकी आशंका सही साबित हुई। बाल संरक्षण आयोग उत्तराखंड की अध्यक्षा उषा नेगी ने छात्र की मौत के लिए स्कूल के प्रबंधक को भी जिम्मेदार माना है। साथ ही बच्चे की मौत के मामले में हाॅस्पिटल की भी लापरवाही मानी है। उंन्होने कहा कि स्कूल प्रबंधक को भी बच्चे की हत्या के आरोप में गिरफ्रतार किया जाना चाहिए। एसएसपी निवेदिता कुकरेती देहरादून के अनुसार ऋषिकेश के रानीपोखरी स्थित एक मिशनरी द्वारा संचालित चिल्ड्रेन्स होम स्कूल में एक छात्र की मौत हो गयी थी। जिसकी मौत का कारण फूड पाॅइजनिंग बताया गया था। इस सम्बंध् में पुलिस को हॉस्पिटल से एक मैमो मिला था। जिसके आधार पर छात्र के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराय गया। जिसपर छात्र के शरीर पर चोट के निशान पाये गये। जिसके सम्बंध् में जांच की गयी तो पता चला कि मृतक द्वारा बिस्किट चोरी को लेकर सीनियर छात्रों ने उसकी पीट पीट कर हत्या की थी। जिसके सम्बंध् में पुंलिस ने मामला दर्ज कर हत्या के मामले में आरोपी दो छात्रों, वार्डन सहित पांच लोगों को गिरफ्रतार किया है।
