मुकेश वर्मा
हरिद्वार। किशोरी से देह व्यापार कराने वाली महिला को अपर सत्र न्यायाधीश/ विशेष न्यायाधीश पोक्सो एक्ट अर्चना सागर ने 20 वर्ष के कठोर कारावास व 37’000 हजार रुपए जुर्माने की सजा सुनाई साथ ही पीड़िता व उसके परिवार को जान से मारने की धमकी देने के मामले में महिला के भाई को 6 माह के कारावास 5000 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई। शासकीय अधिवक्ता कुशल पाल सिंह चौहान एवं आदेश चौहान ने बताया कि वादी ने थाना श्यामपुर में 21 फरवरी 2017 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसमें उसने बताया था कि उसकी 14 वर्षीय पुत्री कुछ दिनों से अजीब व्यवहार कर रही थी। पत्नी के पुत्री से बात करने पर पुत्री ने बताया कि मीना पत्नी प्रदीप कुमार निवासी ग्राम गाजीवाली थाना श्यामपुर जिला हरिद्वार उसे अपने घर पर बुलाती है और वहाँ से चार-पांच बार हरिद्वार लेकर गई उसके साथ गलत काम कराया मीना ने पीड़िता को धमकी दी थी, किसी को बताया तो जान से मार देगी 21 फरवरी 2017 को शाम 4:00 बजे मीना वादी के घर पर आई उसकी पुत्री पीड़िता को अपने साथ ले जाने लगी तो उन्होंने मना कर दिया।मीना ने उन्हें धमकी दी और चली गई बाद में मीना का भाई जगत सिंह पुत्र मोहन सिंह निवासी ग्राम गाजीवाली थाना श्यामपुर जिला हरिद्वार आया और गाली गलौज करके जान से मारने की धमकी दी। जिससे पीड़िता और उसके परिवार वाले घबरा गए और अपनी पुत्री को लेकर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराने आए रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने आरोपी उसके जगत सिंह के खिलाफ धाराओं में मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार किया था, जांच के बाद जगत सिंह के खिलाफ गाली गलोच करने व जान से मारने धाराओ के अंतर्गत तथा मीना के खिलाफ नाबालिग बालिका को नशीला पदार्थ खिलाकर सामूहिक दुष्कर्म कराने,तथा से देह व्यापार कराने व पोक्सो एक्ट आदि की धाराओं में न्यायालय में आरोप दाखिल किये थे। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की और से 10 गवाह कराये गए दोनों पक्षों के साक्ष्य व बहस को सुनने के बाद न्यायालय ने जगत सिंह को पीड़िता व उसके परिवार को धमकी देने के मामले में 6 माह के कारावास व 5000 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई तथा आरोपी मीना को नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म कराने देह व्यापार कराने, नशीला पदार्थ खिलाने व पोक्सो एक्ट आदि की धाराओं के अंतर्गत दोषी पाते हुए 20 वर्ष के कारावास व 37000 हजार रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई।
