मुकेश वर्मा
हरिद्वार। तेरह वर्षीय लड़की का अपहरण कर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने के मामले में एफटीएससी /अपर सत्र न्यायाधीश चंद्रमणि राय ने आरोपी को दोषी पाते हुए 20 वर्ष का कठोर कारावास व 20 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।
शासकीय अधिवक्ता भूपेंद्र चौहान ने बताया कि 12 फरवरी 2022 हरकी पैड़ी क्षेत्र में पीड़ित लड़की रोजाना की तरह यात्रियों को टीका लगाने के काम से घाट पर गई थी। वहीं पर गंगा जल और फूल-दोने बेचने वाला युवक पीड़ित लड़की को शादी का झांसा देकर बहला फुसलाकर भगाकर पटना के एक गांव में ले गया था। काफी तलाश करने पर दोनों का कोई पता नहीं चला था। घटना के पांच दिन बाद पीड़िता की माता ने आरोपी सागर कुमार पुत्र प्रमोद निवासी ग्राम लाल इमली बाग साधोराम, थाना ग्रामीण पटना जिला पटना बिहार के खिलाफ संबधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया था।
घटना के करीब डेढ़ महीने के बाद पुलिस ने आरोपी सागर को रेलवे स्टेशन लक्सर से गिरफ्तार कर उसके कब्जे से पीड़ित लड़की को बरामद किया था। पीड़ित लड़की ने अपने परिजनों को सारी घटना बताई थी। आरोपी सागर ने पीड़ित लड़की से गांव में ले जाकर शादी कर ली थी और उससे पत्नी की तरह रखकर दुष्कर्म करता रहा है। पुलिस ने आरोपी सागर को चालान कर जेल भेजा था। वादी पक्ष ने साक्ष्य में आठ गवाह पेश किए गए। न्यायालय ने आरोपी युवक को 20 वर्ष की कठोर कैद व 20 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है।
