


कई समाजिक संस्थाओं ने समाजिक सेवा के लिए किया सम्मानित
सरकारी प्राईमरी स्कूलों में भी दे रही गरीब छात्राओं को तालिम
महिलाओं की इन्नर व्हील संस्था से भी हैं जुड़ी
मुकेश वर्मा
हरिद्वार। समाजसेवी एवं साहित्यकार मनु शिवपुरी आज किसी पहचान की मोहताज नहीं है। जिन्होंने अपने बलबूते पर ही अपनी काबलियत का अहसास करा दिया और शहर में प्रसिद्ध साहित्यकारों की लिस्ट में अपना नाम दर्ज कराने में सफलता हासिल की है। जिन्होंने गरीब छात्राओं के भविष्य को उज्जवल बनाने की दिशा में सरकारी प्राईमरी कन्याओं के स्कूल को चुना और छात्राओं को तामिल देते हुए उनमें शिक्षा के प्रति रूचि जाग्रत करते हुए उनके भविष्य के प्रति नया सवेरा दिखाने में कामयाबी भी मिली है। शहर में आज मनु शिवपुरी की पहचान समाजसेवी एवं साहित्यकार के रूप में हो रही है। जिनको समाजिक संगठनों द्वारा अपने मंचों पर आमंत्रित करते हुए उनको सम्मानित किया जा रहा है। बताते चले कि मौहल्ला ईमली कनखल हरिद्वार निवासी मधुर मोहन शर्मा के साथ विवाह के उपरांत भी मनु शिवपुरी ने अपना समाजसेवा एवं साहित्य को नहीं छोडा, मनु शिवपुरी के इस मुहिम में उनके पति का उनको भरपूर सहयोग भी मिला है। सामजसेवी एवं साहित्य के क्षेत्र में मनु शिवपुरी को बहुत प्यार रहा है। जिन्होंने अपने समाजसेवी मुहिम से कई महिलाओं को भी प्रेरित कर उनको अपने साथ जोडा है। मनु शिवपुरी ने बताया कि जब वह 12 वर्ष की थी तो उनको साहित्य में गहरी रूचि थी और हमेशा कुछ ना कुछ लिखने का प्रयास करती रही है। जब वह कक्षा 12 में पहुंची और उनके स्कूल की ओर से उत्तर प्रदेश स्तर के एक साहित्य कार्यक्रम में अपनी प्रतिभा रखने का अवसर भी मिला। जिसमें कार्यक्रम में प्रसिद्ध कवि एवं साहित्यकार गोपाल दास नीरज भी मौजूद थे। जिन्होंने उनकी रचना को सुनकर उनकी रचना को काफी सहराया और भविष्य में एक अच्छी साहित्यकार बनोगी का आशीवार्द भी दिया। मनु शिवपुरी ने बताया कि उनके शब्दों ने उनके भीतर एक नई उर्जा भरने और और आगे बढने की दिशा तय की, तब से अब तक उन्होंने पीछे मुड कर नहीं देखा और उनके शब्द उनको आगे बढने की प्रेरणा देते गये। उन्होंने बताया कि उनको कनखल दक्ष मन्दिर के समीप स्थित राजकीय प्राथमिक कन्या स्कूल में गरीब कन्याओं को पढाने का अवसर मिला। जहां उन्होंने करीब दो वर्षो तक छात्राओं को शिक्षा देने का काम किया। जहां पर पहले छात्राओं की उपस्थिति कम थी वहां पर उनके प्रयासों से छात्राओं की उपस्थिति में भी इजाफा हुआ और रिजल्ट भी चौकाने वाला छात्राओं ने दिया। इतना ही नहीं जिन छात्राओं के पिता नशे की लत में थे छात्राओं ने हिम्मत दिखा कर अपने पिता की नशे की लत को भी छुडाने का काम किया। वही कई ओर सरकारी प्राईमरी स्कूलों को भी गरीब बच्चों को तामिल देने के लिए चुना, जहां पर उनके अथक प्रयास से वह अपने प्रयासों में कामयाब भी रही। मनु शिवपुरी ने बताया कि महिलाओं के इन्नर व्हील संस्था से जुडी, इस संस्था ने प्राईमरी स्कूलों का निरीक्षण कर उन स्कूलों को गोद लेने के लिए चुना। जिनकी हालत कापफी अच्छी नहीं थी, जहां पर उनकी संस्था ने गरीब बच्चों को किताबों से लेकर स्कूल की व्यवस्था में अपना पूर्ण योगदान किया और कर रहा है। समय-समय पर पंचपुरी की समाजिक संस्थाओं ने उनको अपने कार्यक्रमों में बुलाकर उनको सम्मानित किया। कई समाजिक संस्थाआंे द्वारा हिन्दी दिवस सहित साहित्य कार्यक्रमों में सम्मानित किया गया। हाल ही में गंगा सभा द्वारा 25 दिसम्बर 18 को उनको पूर्व मुख्यमंत्राी एवं सासद डाॅ रमेश पोखरियाल निशंक की उपस्थिति में समाजसेवा के रूप में भी सम्मानित किया गया। इसके अलावा उन्होंने कई पत्रिकाओं सहित समाचार पत्रों में भी उनकी रचनाओं का प्रकाशन हुआ। अब उनकी एक पुस्तक का प्रकाशन मेरठ निरूपमा प्रकाशन द्वारा करने जा रहा हैं जिसकी तैयारी चल रही है, जिसका प्रकाश जल्द कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि उनके समाजसेवा व साहित्य के क्षेत्र में उनके परिवार का पूरा सहयोग उनको मिला है। परिवार के सहयोग के बिना कुछ सम्भव नहीं था। उन्होंने बताया कि उनके पति मधुर मोहन शर्मा एक व्यवसाई हैं जबकि उनके एक पुत्री और दो बेटे भी है। जिन्होंने उनको कदम कदम पर अपना पूरा सहयोग दिया है।
