मुकेश वर्मा
हरिद्वार। हरिद्वार के ग्रामीण क्षेत्रो में जंगली गजराजो की दस्तक बीते कई दशकों से बड़ी समस्या बनी हुई थी। जगजीतपुर, बिशनपुर कुण्डी, मिसरपुर क्षेत्रो में अक्सर जंगली गजराजो के झुण्ड घुस आते है, कई बार मानव वन्य जीव संघर्ष भी देखने को मिल जाता है,. मगर अब इस समस्या को लेकर वन महकमे ने एक नई व सस्ती कारगर नीति अपनाई है। यह सिंगल वायर सोलर फेंसिंग इस विकट समस्या से निपटने के लिए बेहद कारगर साबित हो रही है., कुछ माह पूर्व हरिद्वार रेंज के वन कर्मियों ने वन क्षेत्रधिकारी सीशपाल के नेतृत्व में इस सिंगल वायर कार्य योजना पर काम शुरू किया। शुरुआत में सभी ने इस योजना को लेकर सवाल उठाये. मगर दृढ़ निश्चय व वंनकर्मियों की मेहनत से यह तरकीब काम कार गयी।
वन कार्मियो ने मात्र सदन के पीछे स्थित जंगलो में बिना बजट के अपने स्तर से सिंगल वायर फेंसिंग की. जो कारगर सिद्ध हुई. आज जंहा जंहा यह सिंगल वायर फेंसिंग लगी है वंहा जंगली हाथियो ने आना छोड़ दिया है. इसको लेकर वन महकमा उत्साहित है, वंही कुम्भ के दौरान इस क्षेत्र में खाई खुदान के साथ ही परमानेंट फंसिंग की योजना भी प्रस्तावित है, मगर सिंगल वायर फेंसिंग की सफलता को देखते हुए, इसे राज्य के अन्य छेत्रो में भी लागू किया जाना चाहिए। शुरुआत में इस योजना को लेकर इसकी सफलता पर आशंका थी। मगर ज़ब से जिन स्थानो पर यह सिंगल वायर फेंसिंग लगाई गयी है, वंहा हाथियो की आमद रुक गयी है, वंही वैज्ञानिक तरीके से हर रोज का डेटा एकत्र कर, सघन मॉनिटरिंग की जा रही है. साथ ही कई टीम इस मॉनिटरिंग को तैनात की गयी है. प्रारम्भिक तौर पर यह प्रयोग सफल रहा है।



